कृषि ऋण मेगा आउटरीच अभियान में किसानों को बड़ी सौगात, ₹25 करोड़ के ऋण प्रस्ताव स्वीकृत
कृषि ऋण मेगा आउटरीच अभियान में किसानों को बड़ी सौगात, ₹25 करोड़ के ऋण प्रस्ताव स्वीकृत
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने की दिशा में
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की बड़ी पहल, देशभर के 90 से अधिक केंद्रों पर आयोजित हुआ मेगा अभियान
बरेली। किसानों, ग्रामीण उद्यमियों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया द्वारा 17 अगस्त को देशभर में मेगा कृषि ऋण आउटरीच अभियान आयोजित किया गया। अभियान के तहत देश के 90 से अधिक केंद्रों पर किसानों और ग्रामीण क्षेत्र से जुड़े लोगों को कृषि एवं निवेश ऋण की सुविधाओं से जोड़ा गया। बरेली में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बैंक की ओर से किसानों की वित्तीय जरूरतों को पूरा करने और उन्हें समय पर ऋण उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में केंद्रीय कार्यालय के उप महाप्रबंधक अविनाश कुमार उपस्थित रहे। उनके साथ बरेली क्षेत्रीय कार्यालय के क्षेत्रीय प्रमुख सुधीर कुमार, मुख्य प्रबंधक मनीष श्रीवास्तव, मुख्य प्रबंधक अमित उपाध्याय और बीएस सागर समेत बैंक के अधिकारी मौजूद रहे।
ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाना प्राथमिकता
कार्यक्रम के दौरान उप महाप्रबंधक अविनाश कुमार ने कहा कि सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया देश के आर्थिक और सामाजिक विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। बैंक की लगभग दो-तिहाई शाखाएं ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में स्थित हैं, जो इस बात को दर्शाता है कि बैंक देश के ग्रामीण क्षेत्रों और आम नागरिकों तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा कि राष्ट्र का समग्र विकास वित्तीय समावेशन और कृषि विकास के मजबूत आधार पर ही संभव है। इसी सोच के साथ बैंक की ओर से प्रत्येक तिमाही में मेगा कृषि ऋण आउटरीच अभियान आयोजित किया जाता है, ताकि किसानों और ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को उनकी आवश्यकताओं के अनुरूप वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
खरीफ सीजन में किसानों को समय पर ऋण उपलब्ध कराने पर जोर वर्तमान खरीफ फसल सीजन को देखते हुए इस अभियान का विशेष महत्व रहा। खेती-किसानी से जुड़ी आवश्यकताओं को पूरा करने, कृषि गतिविधियों के लिए समय पर वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने तथा निवेश ऋण के माध्यम से ग्रामीण उद्यमिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से अभियान चलाया गया।
बैंक अधिकारियों ने बताया कि कृषि क्षेत्र में किसानों को समय पर मिलने वाली वित्तीय सहायता खेती की लागत, कृषि उपकरणों, सिंचाई, पशुपालन और अन्य ग्रामीण गतिविधियों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इसी उद्देश्य से बैंक विभिन्न कृषि ऋण योजनाओं के माध्यम से किसानों को उनकी जरूरत के अनुसार वित्तीय सहायता उपलब्ध करा रहा है।
₹25 करोड़ के ऋण प्रस्ताव स्वीकृत मेगा आउटरीच अभियान के दौरान बैंक की ओर से ₹25 करोड़ के ऋण प्रस्ताव स्वीकृत किए गए। इसे किसानों और ग्रामीण क्षेत्र से जुड़े लाभार्थियों के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
बैंक अधिकारियों के मुताबिक यह अभियान केवल ऋण स्वीकृत करने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य किसानों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करना, ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार एवं उद्यमिता को बढ़ावा देना और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति देना भी है।
प्रतिस्पर्धात्मक ब्याज दरों पर कृषि ऋण उपलब्ध कराने का प्रयास
कार्यक्रम में बताया गया कि बैंक की विभिन्न कृषि ऋण योजनाओं में ब्याज दरें प्रतिस्पर्धात्मक रखी गई हैं। बैंक का प्रयास है कि किसानों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप सरल, सुगम और समयबद्ध वित्तीय सहायता उपलब्ध हो, जिससे उन्हें कृषि गतिविधियों के संचालन में आर्थिक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
अभियान के दौरान किसानों और ग्रामीण उद्यमियों को बैंक की विभिन्न ऋण योजनाओं की जानकारी भी दी गई। अधिकारियों ने पात्र लाभार्थियों से बैंक की योजनाओं का लाभ उठाने और अपनी जरूरत के अनुसार वित्तीय सहायता प्राप्त करने का आह्वान किया।
ग्रामीण उद्यमिता को मिलेगा बढ़ावा
बैंक की ओर से कहा गया कि कृषि क्षेत्र के साथ-साथ निवेश ऋण के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में छोटे कारोबार और उद्यमिता को बढ़ावा देना भी अभियान का महत्वपूर्ण उद्देश्य है। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार और उद्यमिता को बढ़ावा मिलने से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और ग्रामीण अर्थव्यवस्था अधिक मजबूत होगी।
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया का मानना है कि किसान और ग्रामीण उद्यमी देश की अर्थव्यवस्था की मजबूत नींव हैं। ऐसे में उन्हें आसान और समय पर वित्तीय सहायता उपलब्ध कराना आर्थिक विकास की दिशा में अहम कदम है।
विकसित भारत 2047 के लक्ष्य में योगदान का संकल्प कार्यक्रम के दौरान बैंक अधिकारियों ने कहा कि सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया अपनी गौरवशाली विरासत के साथ सेवा, वित्तीय समावेशन और विकास के प्रति निरंतर प्रतिबद्ध है। बैंक का प्रयास है कि उसकी प्रत्येक पहल देश की आर्थिक प्रगति में अपना योगदान दे।
अधिकारियों ने कहा कि किसानों की आर्थिक मजबूती, ग्रामीण भारत की प्रगति और वित्तीय समावेशन के माध्यम से देश को विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ाने में बैंक अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
किसान की समृद्धि से मजबूत होगा ग्रामीण भारत
मेगा कृषि ऋण आउटरीच अभियान ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाने के साथ-साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को आत्मनिर्भर बनाना भी जरूरी है। समय पर ऋण, आसान बैंकिंग सेवाएं और ग्रामीण उद्यमिता को प्रोत्साहन किसानों तथा ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिति में सकारात्मक बदलाव ला सकता है।
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की ओर से स्पष्ट किया गया कि किसान की समृद्धि, ग्रामीण भारत की प्रगति और विकसित भारत 2047 बैंक के प्रमुख संकल्पों में शामिल हैं। इसी दिशा में भविष्य में भी वित्तीय समावेशन और कृषि विकास से जुड़े अभियानों को आगे बढ़ाया जाएगा।